बालको बालिकाओं
इस वर्ष को ब्लॉग जगत में भारी उलटफेर होने जा रहा है इसका कारण एक ही माह में दो ग्रहण का एक साथ आना . एक तो मैं स्वयं दूसरा वो झौंटानन्द हम दौनो एक गुरु के शिष्य हैं वो हैं
श्री श्री १०८ परम पूज्य बाबा लंगोटानंदजी महाराज
ये सूर्य से तेजवान हैं अब हम दौनो जब एक दूजे की वृष्टि छाया में आ जातें हैं तो ग्रहण लगता है इसके परिणाम दुखद होंगे अत:आप को सलाह दी जाती है कि इस सप्ताह से मासांत तक आप हम दौनो से
सिर्फ हमारा स्मरण करें न कि तलाश करें .
आप इन फोटोज का प्रिंट लेकर पूजन वाले आले में सेलो टेप से चिपकाएँ . इनके फोटो के साथ क्रमश: ये तस्वीरें लगाइए तथा दिव्य महात्माओं के कोप से बचने इनके ब्लॉग पर प्रतिदिन दो से तीन बार प्रणामअर्पित करें क्रमश:




